प्रतिलिप्याधिकार/सर्वाधिकार सुरक्षित ©

इस ब्लॉग पर प्रकाशित अभिव्यक्ति (संदर्भित-संकलित गीत /चित्र /आलेख अथवा निबंध को छोड़ कर) पूर्णत: मौलिक एवं सर्वाधिकार सुरक्षित है।
यदि कहीं प्रकाशित करना चाहें तो yashwant009@gmail.com द्वारा पूर्वानुमति/सहमति अवश्य प्राप्त कर लें।

वेब सर्च (Enter your keywords to search on web)

05 November 2020

छोटी - छोटी बातें

PC:Bel Hamid..Posted in a Facebook group
आओ कर लें 
कुछ छोटी - छोटी बातें 
जो बड़ों के लिये 
साधारण ही होती हैं 
लेकिन 
हम तो बस खुश हो लेते हैं 
प्यार से 
किसी के चूम लेने भर से 
या फिर यूं ही 
किसी की गुदगुदी से 
हमारे लिये 
थोड़ी सी रेत ही काफी है 
जिससे बना लेते हैं 
अपने सपनों का घर 
हमारे खेलने के लिये 
मुट्ठी भर बर्फ ही बेहतर है 
क्योंकि हमें आदत है 
जीवन के साथ चलते जाने की 
बस इसीलिए 
बिना झिझक 
तुम भी कर सकते हो 
कह सकते हो 
छोटी-छोटी बातें 
जिनमें बड़े-बड़े सपने 
आकार ले कर 
बदल जाते हैं 
भविष्य से 
वर्तमान में। 

-यशवन्त माथुर ©
05112020 

8 comments:

जितेन्द्र माथुर said...

बहुत अच्छी अभिव्यक्ति यशवंत जी । मन को छू लेने वाली ।

अनीता सैनी said...

जी नमस्ते ,
आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शनिवार (०७-११-२०२०) को 'मन की वीथियां' (चर्चा अंक- ३८७८) पर भी होगी।
आप भी सादर आमंत्रित है।
--
अनीता सैनी

अनीता सैनी said...

जी नमस्ते ,
आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शनिवार (०७-११-२०२०) को 'मन की वीथियां' (चर्चा अंक- ३८७८) पर भी होगी।
आप भी सादर आमंत्रित है।
--
अनीता सैनी

Dr Varsha Singh said...

वाह... यशवंत जी,
आपकी छोटी-छोटी बातों में कितनी बड़ी और गम्भीर बातें समाहित हैं...

यथा गागर में सागर..


साधुवाद 🙏
सादर,
डॉ. वर्षा सिंह

शिवम् कुमार पाण्डेय said...

बहुत सुंदर..!

Onkar said...

सुंदर प्रस्तुति

Onkar said...

सुंदर प्रस्तुति

Anita said...

छोटी-छोटी बातों में हैं बातें बड़ी
भूलें नहीं हम बीती हुई एक छोटी घड़ी ।।

आपकी कविता पढ़कर यह गीत याद आ गया, कविता अतीत की बात नहीं करती बल्कि भविष्य को भी वर्तमान में लाकर खड़ा कर देती है, अति सुंदर !